प्रदेश के म्यू-थाई खिलाडिय़ों ने साल भर में जोरदार प्रदर्शन करते हुए विभिन्न राष्ट्रीय चैंपियनशिप में ५४ पदक जीते। इन पदकों में २२ स्वर्ण २२ रजत और १० कांस्य पदक शामिल हैं। यह जानकारी देते हुए प्रदेश संघ के अध्यक्ष विजय कुमार अग्रवाल ने बताया कि २००८-०९ में प्रदेश की जिन टीमों से राष्ट्रीय चैंपियनशिप में भाग लिया, उन टीमों का प्रदर्शन जोरदार रहा। सब वर्ग जूनियर में प्रदेश की बालक टीम ने ३ स्वर्ण, ५ रजत और दो कांस्य पदक जीते। इस वर्ग में बालिका टीम ने ६ स्वर्ण, ३ रजत और एक कांस्य पदक जीता। जूनियर बालक वर्ग में २ स्वर्ण, ३ रजत और ४ कांस्य पदक, बालिका वर्ग में ५ स्वर्ण, २ रजत पदक मिले। सीनियर वर्ग में पुरुष खिलाडिय़ों ने ४ स्वर्ण, ५ रजत महिला खिलाडिय़ों ने २ स्वर्ण, ४ रजत और एक कांस्य पदक जीता। श्री अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़ बनने के बाद से अब तक खिलाडिय़ों ने १२२ स्वर्ण, ८९ रजत आर २७ कांस्य पदक जीते हैं। संघ को खेल विभाग की तरफ से पिछले सत्र में दो लाख २६ हजार दो सौ रुपए का अनुदान मिला है। इसी के साथ २००७-०८ में राष्ट्रीय उपलब्धियॊ के आधार पर एक लाख की प्रेरणा निधि भी मिली है।
मंगलवार, 7 अप्रैल 2009
म्यू-थाई खिलाडिय़ों ने साल भर में ५४ पदक जीते
प्रदेश के म्यू-थाई खिलाडिय़ों ने साल भर में जोरदार प्रदर्शन करते हुए विभिन्न राष्ट्रीय चैंपियनशिप में ५४ पदक जीते। इन पदकों में २२ स्वर्ण २२ रजत और १० कांस्य पदक शामिल हैं। यह जानकारी देते हुए प्रदेश संघ के अध्यक्ष विजय कुमार अग्रवाल ने बताया कि २००८-०९ में प्रदेश की जिन टीमों से राष्ट्रीय चैंपियनशिप में भाग लिया, उन टीमों का प्रदर्शन जोरदार रहा। सब वर्ग जूनियर में प्रदेश की बालक टीम ने ३ स्वर्ण, ५ रजत और दो कांस्य पदक जीते। इस वर्ग में बालिका टीम ने ६ स्वर्ण, ३ रजत और एक कांस्य पदक जीता। जूनियर बालक वर्ग में २ स्वर्ण, ३ रजत और ४ कांस्य पदक, बालिका वर्ग में ५ स्वर्ण, २ रजत पदक मिले। सीनियर वर्ग में पुरुष खिलाडिय़ों ने ४ स्वर्ण, ५ रजत महिला खिलाडिय़ों ने २ स्वर्ण, ४ रजत और एक कांस्य पदक जीता। श्री अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़ बनने के बाद से अब तक खिलाडिय़ों ने १२२ स्वर्ण, ८९ रजत आर २७ कांस्य पदक जीते हैं। संघ को खेल विभाग की तरफ से पिछले सत्र में दो लाख २६ हजार दो सौ रुपए का अनुदान मिला है। इसी के साथ २००७-०८ में राष्ट्रीय उपलब्धियॊ के आधार पर एक लाख की प्रेरणा निधि भी मिली है।
प्रदेश की फुटबॉल टीम चेन्नई जायेगी
राष्ट्रीय यूथ चैंपियनशिप में खेलने जाने वाली प्रदेश की फुटबॉल टीम का चयन ८ अप्रैल से बिलासपुर में होगा। यहां पर चलने के बाद टीम का प्रशिक्षण शिविर लगाया जाएगा। इसके बाद टीम यहां से १८ अप्रैल को चेन्नई के लिए रवाना होगी। यह जानकारी देते हुए प्रदेश फुटबॉल संघ के मुश्ताक अली प्रधान ने बताया कि अंडर २१ साल की यूथ फुटबॉल चैंपियनशिप का आयोजन चेन्नई में २० अप्रैल से किया गया है। इस चैंपियनशिप में खेलने जाने वाली प्रदेश की फुटबॉल टीम का चयन ट्रायल बिलासपुर में ८ से १० अप्रैल तक किया गया है। इस ट्रायल में रायपुर के साथ बिलासपुर, कोरबा, कोरिया एवं दुर्ग के करीब ५० से ज्यादा खिलाड़ी शामिल होंगे। श्री प्रधान ने बताया कि चूकि इस समय कॉलेज की परीक्षाएं चल रही हैं ऐसे में खिलाडिय़ों के कम आने की संभावना है। उन्होंने बताया कि टीम से संभावित खिलाडिय़ों के चयन के बाद प्रशिक्षण शिविर बिलासपुर में ही लगाया जाएगा। अंतिम टीम का चयन १८ अप्रैल को करने के लिए टीम चेन्नई के लिए रवाना होगी।
रविवार, 5 अप्रैल 2009
वालीबॉल दल में मो. अकरम तकनीकी अधिकारी
पहली बार छत्तीसगढ़ के दो वालीबॉल खिलाडिय़ों संतोष कुमार और हेमेन्द्र कुमार को भारत की युवा टीम में शामिल किया गया है। यह टीम १० अप्रैल से इटली और पौलेंड का दौरा करेगी। भारतीय दल में छत्तीसगढ़ के मो. अकरम को तकनीकी अधिकारी के रूप में शामिल किया गया है। यह जानकारी देते हुए प्रदेश वालीबॉल संघ के महासचिव मो. अकरम खान ने बताया कि इस समय भारत की संभावित युवा टीम विश्व कप की तैयारी में जुटी हुई है। भारत की संभावित टीम का प्रशिक्षण शिविर विशाखापट्नम में चल रहा है। भारत की टीम को विश्व कप से पहले अनुभव देने के लिए भारतीय वालीबॉल फेडरेशन ने कई देशों की यात्रा करवाने का कार्यक्रम बनाया है। इसी कार्यक्रम के तहत इटली और पौलेंड के दौरे के लिए टीम का चयन किया गया है। इस चुनी गई टीम में पहली बार छत्तीसगढ़ के दो खिलाडिय़ों संतोष कुमार और हेमेन्द्र कुमार का चयन किया गया है। ये दोनों खिलाड़ी छह फीट से भी ज्यादा लंबे हैं जिसके कारण इनका चयन टीम में किया गया है। वैसे प्रशिक्षण शिविर में छत्तीसगढ़ के तीन खिलाड़ी शामिल हैं। श्री अकरम ने बताया भारतीय टीम विशाखापट्नम से ८ अप्रैल को इटली के लिए रवाना होगी जहां पर वह १० से १३ अप्रैल तक होने वाली एक चैंपियनशिप में शामिल होगी। इस चैंपियनशिप में एक दर्जन से ज्यादा देशों की टीम खेलेंगी। इस चैंपियनशिप के बाद भारतीय टीम पौलेंड जाएगी जहां पर वह १५ से १९ अप्रैल तक पौलेंड और ब्राजील के साथ टेस्ट खेलेगी। एक सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि भारत की टीम ने पिछले साल श्रीलंका में हुई यूथ एशियनन चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता था। वहां पर इरान की टीम चैंपियन बनी थी जबकि दूसरा स्थान जापान को मिला था। उन्होंने बताया कि भारतीय टीम के कोच जीई श्रीधरन को भरोसा है कि भारत की टीम विश्व कप में अच्छा प्रदर्शन करेगी। उन्होंने बताया कि टीम अच्छा प्रदर्शन कर सकें इसके लिए भारत सरकार की मदद से ही टीम का ८ माह का लंबा प्रशिक्षण शिविर लगाया गया है, साथ ही सरकार के खर्च पर टीम को कई देशों में खेलने के लिए भेजा जा रहा है। उन्होंने पूछने पर बताया कि भारतीय फेडरेशन का लक्ष्य२०१२ के ओलंपिक में खेलने की पात्रता पाना भी है।
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